Ozena Treatment In Homeopathy

0
603

इस रोग में नाक की शलैष्मिक कला में जख्म पैदा होकर उसमें से मवाद निकलता है | कभी-कभी मवाद में रक्त का अंश भी रहता है । इस रोग से नाक की हड्डी गलने लगती है और घ्राण-शक्ति धीरे-धीरे कम होती जाती है । यह रोग मुख्यतः उपदंश, पारे का अधिक प्रयोग, चोट लगना, शरीर में कोई बाहरी वस्तु रह जाना आदि कारणों से होता है ।

कैडमियम 3x – रोग के प्रारंभ होते ही और उसके विषय में पता चलते ही सर्वप्रथम इसी औषधि को देना चाहिये ।

एसिड नाइट्रिकम 3, 30 – उपदंश-रोग के कारण या पारे के प्रयोग से पीनस हो जाये जिसमें सूजन और प्रदाह भी रहे तो अति उपकारी है।

Loading...

ऑरम मेट 30 – नाक लाल रहे, सूजन, दर्द रहे, आधा सूखा- आधा तर मवाद निकले तो बेहद लाभप्रद है ।

Ask A Doctor

किसी भी रोग को ठीक करने के लिए आप हमारे सुयोग्य होम्योपैथिक डॉक्टर की सलाह ले सकते हैं। डॉक्टर का consultancy fee 200 रूपए है। Fee के भुगतान करने के बाद आपसे रोग और उसके लक्षण के बारे में पुछा जायेगा और उसके आधार पर आपको दवा का नाम और दवा लेने की विधि बताई जाएगी। पेमेंट आप Paytm या डेबिट कार्ड से कर सकते हैं। इसके लिए आप इस व्हाट्सएप्प नंबर पे सम्पर्क करें - +919006242658 सम्पूर्ण जानकारी के लिए लिंक पे क्लिक करें।

मर्कसॉल 3x – उपदंश रोग के कारण पीनस होने पर देनी चाहिये ।

Loading...
Previous articleEpistaxis Treatment In Homeopathy – नकसीर
Next articleNasitis Treatment In Homeopathy
जनसाधारण के लिये यह वेबसाइट बहुत फायदेमंद है, क्योंकि डॉ G.P Singh ने अपने दीर्घकालीन अनुभवों को सहज व सरल भाषा शैली में अभिव्यक्त किया है। इस सुन्दर प्रस्तुति के लिए वेबसाइट निर्माता भी बधाई के पात्र हैं । अगर होमियोपैथी, घरेलू और आयुर्वेदिक इलाज के सभी पोस्ट को रेगुलर प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे फेसबुक पेज को अवश्य like करें। Like करने के लिए Facebook Like लिंक पर क्लिक करें। याद रखें जहां Allopathy हो बेअसर वहाँ Homeopathy करे असर।