क्रोकस सैटाइवस ( Crocus Sativus Homeopathy In Hindi )

- क्रोकस का खून गाढ़ा, जमा हुआ लेसदार होता है और वह गाढ़ा खून खींचने से तार की तरह खिंच जाता है और बाहर निकलते ही थक्का सा जम जाता है, यही इसका सर्वप्रधान लक्षण है। इलैप्स में भी…

क्रैटगस-आक्जेन्था ( Crataegus Oxyacantha In Hindi )

- यह औषधि ह्रतपेशियों पर क्रिया करती है और हृदय को बल देती है। हृदयावरण पर इसका कोई प्रभाव नही होता। ह्रतपेशियों का प्रदाह, जब हृदय अपने विकारों को स्वयं सुधारने में विफल रहता है।…

कोटिलिडन ( Cotyledon Homeopathy In Hindi )

- इस औषधि का हृदय पर विशेष प्रभाव होता है। पेशियों और तन्तु-उत्तक (Fibrous tissue) में सुन्नपन के साथ लगातार दर्द रहता है वक्ष रोध (oppression of chest), गला भरा हुआ लगता है,…

कोर्नस सर्सीनाटा ( Cornus Circinata In Hindi )

यह औषधि पुराना मलेरिया, पीलिया, यकृतशोध। सुबह के समय बहुत कमजोरी महसूस करना, उदरगर्त में पीड़ा होने के साथ उदरगहव में अफारा। छाले दार फुन्सियां और उनके साथ यकृत में कोई बीमारी या…

कोरैलियम रूब्रम ( Corallium Rubrum Homeopathy In Hindi )

- यह औषधि एक तरह की आक्षेपिक स्नायविक खांसी और हूपिंग खांसी में विशेषत: जब खांसी का दौरा बहुत ही तेजी के साथ पड़ता है और अधिक अन्तर न देकर खांसी के दौरे बार-बार पड़ते हैं तब इस…

कोपेवा ( Copaiva Officinalis In Hindi )

इस औषधि का प्रयोग ऐलोपैथिक चिकित्सा में अधिक किया जाता है। साधारणत: मूत्रयंत्र, मूत्रनली और श्वासयंत्र की श्लेष्मिक झिल्ली के ऊपर ही इसकी क्रिया होती है, मूत्रयंत्र और मूत्रनली पर…

कन्वैल्लैरिया मैजालिस ( Convallaria Majalis Homeopathic Medicine In Hindi )

- यह औषधि तालाब में पैदा होने वाले कमल जाति के एक तरह के फूल से बनायी जाती है जिसको लिलि आफ दि वैली (lily of the valley) कहते हैं। इसकी प्रधान क्रिया हृत्पिण्ड पर होती है। विष की…

काण्डियुरैंगो ( Condurango In Hindi )

- यह औषधि पाचन क्रिया को उत्तेजित करती और पाकस्थली की जिन ग्रन्थियों से पाचक रस निकलकर मांस, दाल इत्यादि प्रोटिड-खाद्यों को पचाता है उन सभी ग्लैण्डों पर इसकी प्रधान क्रिया होती…

कोमोक्लैडिया डेंटाटा ( Comocladia Dentata Homeopathy In Hindi

यह औषधि आंख और त्वचा सम्बन्धी लक्षणों के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है। दर्द तपकन के साथ आते हैं और गर्मी से बढ़ते हैं, अस्थि-गहवरों के विकार। कमर के निचले भाग, त्रिकास्थि और पेट के…

कोडीनम ( Codeinum Homeopathy In Hindi )

- सारा शरीर काँपता है, हाथ व निम्नांग की पेशियाँ अनजानें में फड़कती है। खुजली के साथ गरमी का अहसास, सुन्नपन और काँटा गड़ने जैसी अनुभूति होती है। आँख की पलकें फड़कना, पाकस्थली के…